*उखड़ू को ढेर करने वाले एनकाउंटर स्पेशलिस्ट डीके शाही को मिलेगा गैलंट्री अवॉर्ड*
*,गणतंत्र दिवस पर होंगे सम्मानित*

*क्राइम रिपोर्टर आफताब आलम/ लखनऊ संवाद।*
यूपी के एनकाउंटर स्पेशलिस्ट डीके शाही को गैलंट्री अवॉर्ड मिलेगा। पंकज यादव उर्फ उखड़ू को ढेर करने वाले डीके शाही को गणतंत्र दिवस के मौके पर सम्मानित किया जाएगा। पुरस्कार के लिए नाम घोषित होते ही जिले में प्रसन्नता की लहर दौड़ गई। वह रामपुर कारखाना स्थित नौतन गांव के मूल निवासी हैं।
देवरिया के रामपुर कारखाना स्थित नौतन गांव निवासी एनकाउंटर स्पेशलिस्ट धर्मेश कुमार शाही के नाम से माफिया और अपराधी थर थर कांपते हैं। प्रारंभिक शिक्षा जिले से पूरी करने वाले श्री शाही ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से एमए और लखनऊ विश्वविद्यालय से एलएलबी की पढ़ाई की। वर्ष 2001 में पुलिस में बतौर सब इंस्पेक्टर की नौकरी की शुरुआत की। वह अब तक 50 से अधिक कुख्यात अपराधियों और बदमाशों का एनकाउंटर कर चुके हैं। प्रदेश सरकार ने वर्ष 2010 में धर्मेश कुमार शाही को आउट ऑफ टर्न प्रमोशन दिया तो उनका उत्साह और बढ़ गया। इंस्पेक्टर बनने के बाद सिवान के सुनील शर्मा,सलीम गैंग के शूटर रुस्तम,नरेश भाटी, शमीम आदि बदमाशों को मुठभेड़ के दौरान ठिकाने लगाए तो प्रदेश सरकार ने प्रमोशन का उन्हें दूसरा इनाम दिया। वर्ष 2018 में वह इंस्पेक्टर सीओ बन गए। डीके शाही ने माफिया मुख्तार अंसारी के शार्प शूटर अनुज कनौजिया का झारखंड के जमशेदपुर में एनकाउंटर किया। डीके शाही ने मुख्तार अंसारी शहाबुद्दीन और मुन्ना बजरंगी गिरोह के साथ शूटर रह चुके मऊ निवासी पंकज यादव उर्फ उखड़ू 32 वर्ष का एनकाउंटर कर फिर से चर्चा में आ गए हैं। इसी एनकाउंटर के लिए उन्हें गैलेन्ट्री अवार्ड के लिए चयनित किया गया है।
पांचवीं बार मिलेगा पुरस्कार
धर्मेश कुमार शाही को आउट ऑफ टर्म प्रमोशन के अलावा तीन बार वीरता के राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है। पंकज यादव का एनकाउंटर करने वाले डीके शाही को गैलंट्री अवॉर्ड मिलेगा। शनिवार को वीरता पुरस्कार के लिए चयनित पुलिस अधिकारियों की सूची जारी हुई। सूची में डीके शाही का नाम जारी होते ही उनके गांव में जश्न का माहौल छा गया। सोमवार को गणतंत्र दिवस के मौके के पर उन्हें पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।




